हरि ॐ

अथर्ववेद (Atharvaved)

अथर्ववेद 15.14.20

कांड 15 → सूक्त 14 → मंत्र 20 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

अथर्ववेद (कांड 15)

अथर्ववेद: | सूक्त: 14
म॒न्युना॑न्ना॒देनान्न॑मत्ति॒ य ए॒वं वेद॑ ॥ (२०)
इस बात को जानने वाला अन्नाद यज्ञ के द्वारा अन्न को खाता है. (२०)
Annad, who knows this, eats food through yagya. (20)