हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 1.14.12

मंडल 1 → सूक्त 14 → श्लोक 12 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 1)

ऋग्वेद: | सूक्त: 14
यु॒क्ष्वा ह्यरु॑षी॒ रथे॑ ह॒रितो॑ देव रो॒हितः॑ । ताभि॑र्दे॒वाँ इ॒हा व॑ह ॥ (१२)
हे अग्नि देव! रोहित नामक गतिशील घोड़ों को अपने रथ में जोड़ो एवं उनके द्वारा देवों को यहां लाओ. (१२)
O God of fire! Add the moving horses named Rohit to your chariot and bring the gods here through them. (12)