ऋग्वेद (मंडल 3)
अ॒र्वाञ्चं॑ त्वा सु॒खे रथे॒ वह॑तामिन्द्र के॒शिना॑ । घृ॒तस्नू॑ ब॒र्हिरा॒सदे॑ ॥ (९)
लंबे बालों वाले एवं पसीने से भीगे हुए घोड़े तुम्हें सुखदायक रथ पर बैठाकर बैठने योग्य कुशों के सामने एवं हमारे पास लावें. (९)
Long-haired and sweat-soaked horses bring you on a soothing chariot in front of the seating kushas and near us. (9)