हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.29.1

मंडल 8 → सूक्त 29 → श्लोक 1 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 29
ब॒भ्रुरेको॒ विषु॑णः सू॒नरो॒ युवा॒ञ्ज्य॑ङ्क्ते हिर॒ण्यय॑म् ॥ (१)
पीले रंग वाले, सर्वत्र गतिशील, रात्रियों के नेता, युवक एवं अकेले सोमदेव सोने के गहने प्रकाशित करते हैं. (१)
The yellow ones, the all-round dynamic, the leaders of the nights, the young men and somdev alone publish gold ornaments. (1)