हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.38.7

मंडल 8 → सूक्त 38 → श्लोक 7 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 38
प्रा॒त॒र्याव॑भि॒रा ग॑तं दे॒वेभि॑र्जेन्यावसू । इन्द्रा॑ग्नी॒ सोम॑पीतये ॥ (७)
हे शत्रुधन जीतने वाले इंद्र व अग्नि! तुम प्रातःकाल आने वाले देवों के साथ सोमरस पीने के लिए आओ. (७)
O you who conquer the enemy, Indra and Agni! You come to drink somras with the gods who come in the morning. (7)