हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.9.2

मंडल 8 → सूक्त 9 → श्लोक 2 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 9
यदन्तरिक्षे यद्दिवि यत्पञ्च मानुषाँ अनु. नृम्णं तद्धत्तमश्विना. (२)
हे अश्चिनीकुमारो! जो धन अंतरिक्ष में, स्वर्ग में अथवा पांच वर्ग वाले लोगों के पास है, वह हमें दो. (२)
O aschinikumaro! Give us the wealth that is in space, in heaven, or with five-class people. (2)