हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.91.4

मंडल 8 → सूक्त 91 → श्लोक 4 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 91
औ॒र्व॒भृ॒गु॒वच्छुचि॑मप्नवान॒वदा हु॑वे । अ॒ग्निं स॑मु॒द्रवा॑ससम् ॥ (४)
मैं समुद्र में रहने वाले एवं शुद्ध अग्नि को और्व, भृगु और अप्नवान ऋषियों के साथ बुलाता हूं. (४)
I call the pure agni that dwells in the sea and with the sages of Aurva, Bhrigu and Apanavan. (4)