हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.91.7

मंडल 8 → सूक्त 91 → श्लोक 7 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 91
अ॒ग्निं वो॑ वृ॒धन्त॑मध्व॒राणां॑ पुरू॒तम॑म् । अच्छा॒ नप्त्रे॒ सह॑स्वते ॥ (७)
हे ऋत्विजो! तुम शक्तिशालियों के बंधु, बलवान्‌, ज्वालाओं द्वारा बढ़ते हुए व अतिशय विशाल अग्नि के समीप जाओ. (७)
Hey Ritvijo! You are the brothers of the mighty ones, the rebels, growing by the flames and approaching the very great agni. (7)