ऋग्वेद (मंडल 9)
स प॑वस्व॒ य आवि॒थेन्द्रं॑ वृ॒त्राय॒ हन्त॑वे । व॒व्रि॒वांसं॑ म॒हीर॒पः ॥ (२२)
हे सोम! तुमने विशाल जलों को रोकने वाले वृत्र के मारने के लिए इंद्र की रक्षा की थी. तुम इस समय नीचे गिरो. (२२)
Hey Mon! You protected Indra to kill the vritra that stopped the vast waters. You fall down at this time. (22)