सामवेद (अध्याय 6)
अन्तश्चरति रोचनास्य प्राणादपानती । व्यख्यन्महिषो दिवम् ॥ (५)
सूर्य का प्रकाश अपनी किरणों से आकाश में घूमता है. सूर्य के उगने पर ये किरणें दिखती हैं और अस्त होने पर गायब हो जाती हैं. सूर्य अंतरिक्षलोक को विशेष रूप से प्रकाशित करते हैं. (५)
Sunlight rotates in the sky with its rays. These rays appear when the sun rises and disappear when it sets. The Sun illuminates space space exclusively. (5)