हरि ॐ

अथर्ववेद (Atharvaved)

अथर्ववेद 15.17.3

कांड 15 → सूक्त 17 → मंत्र 3 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

अथर्ववेद (कांड 15)

अथर्ववेद: | सूक्त: 17
तस्य॒व्रात्य॑स्य।योऽस्य॑ तृ॒तीयो॑ व्या॒नः सा द्यौः ॥ (३)
इस का तृतीय व्यान द्यौ है. (३)
The third time of this is Dyau. (3)