अथर्ववेद (कांड 20) अथर्ववेद: 20.130.15 | सूक्त: 130 व॒शायाः॑ पु॒त्रमा य॑न्ति ॥ (१५) वशा गौ के पुत्र को लाते हैं. (१५) Vasa brings the son of gau. (15)