ऋग्वेद (मंडल 10)
आपो॒ हि ष्ठा म॑यो॒भुव॒स्ता न॑ ऊ॒र्जे द॑धातन । म॒हे रणा॑य॒ चक्ष॑से ॥ (१)
हे सुख के आधार जल! तुम हमें अन्न पाने के योग्य बनाओ तथा हमें महान् व रमणीय ज्ञान दो. (१)
O water the basis of happiness! You make us worthy of food and give us great and delightful knowledge. (1)