हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 7.56.1

मंडल 7 → सूक्त 56 → श्लोक 1 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 7)

ऋग्वेद: | सूक्त: 56
क ईं॒ व्य॑क्ता॒ नरः॒ सनी॑ळा रु॒द्रस्य॒ मर्या॒ अध॒ स्वश्वाः॑ ॥ (१)
ये कांतियुक्त नेता, एक घर में रहने वाले, महादेव के पुत्र, मानवहितकारी एवं शोभन अश्वो वाले मरुद्गण कौन हैं. (१)
Who are these kantiyukta leaders, living in a house, sons of Mahadeva, the marudgans of man-hit and shobhan ashwas? (1)