ऋग्वेद (मंडल 8)
माकि॑रे॒ना प॒था गा॒द्येने॒मे यन्ति॑ चे॒दयः॑ । अ॒न्यो नेत्सू॒रिरोह॑ते भूरि॒दाव॑त्तरो॒ जनः॑ ॥ (३९)
चेदिवंशीय राजा जिस मार्ग से जाते हैं, उससे दूसरा कोई नहीं जा सकता. कशु की अपेक्षा कोई अधिक दान देने वाला एवं विद्वान् व्यक्ति नहीं है. (३९)
No one else can go the path by which the Chedivanshi kings go. There is no more donor and scholarly person than Kasu. (39)