हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.72.9

मंडल 8 → सूक्त 72 → श्लोक 9 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 72
यू॒यं हि ष्ठा सु॑दानव॒ इन्द्र॑ज्येष्ठा अ॒भिद्य॑वः । अधा॑ चिद्व उ॒त ब्रु॑वे ॥ (९)
हे शोभनदान वाले एवं दीप्तिशाली देवो! इंद्र तुम में बड़े हैं. तुम मेरे यज्ञ में बैठो. मैं तुम्हारी बार-बार स्तुति करता हूं. (९)
O god of glory and glory! Indra are big in you. You sit in my yajna. I praise you again and again. (9)