हरि ॐ

ऋग्वेद (Rigved)

ऋग्वेद 8.76.6

मंडल 8 → सूक्त 76 → श्लोक 6 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

ऋग्वेद (मंडल 8)

ऋग्वेद: | सूक्त: 76
व॒यं हि वां॒ हवा॑महे विप॒न्यवो॒ विप्रा॑सो॒ वाज॑सातये । ता व॒ल्गू द॒स्रा पु॑रु॒दंस॑सा धि॒याश्वि॑ना श्रु॒ष्ट्या ग॑तम् ॥ (६)
हम स्तोता एवं ब्राह्मण लोग अन्न पाने के लिए तुम्हें बुलाते हैं. हे दर्शनीय एवं विविध कर्मो वाले अश्व्िनीकुमारो! तुम हमारी स्तुति सुनकर शीघ्र आओ. (६)
We, the Stotas and the Brahmins, call you to get food. O ashvinikumaro with spectacular and varied deeds! Come quickly to hear our praise. (6)