हरि ॐ

अथर्ववेद (Atharvaved)

अथर्ववेद 11.10.24

कांड 11 → सूक्त 10 → मंत्र 24 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

अथर्ववेद (कांड 11)

अथर्ववेद: | सूक्त: 10
आ॑न॒न्दा मोदाः॑ प्र॒मुदो॑ऽभिमोद॒मुद॑श्च॒ ये । ह॒सो न॑रिष्टा नृ॒त्तानि॒ शरी॑र॒मनु॒ प्रावि॑शन् ॥ (२४)
आनंद, मोद, प्रमोद, सामने वर्तमान मोद अर्थात्‌ अभिमोद, हंसी, शब्द, रूप, स्पर्श आदि एवं नृत्य आदि ने इस शरीर में प्रवेश किया. (२४)
Anand, Mod, Pramod, the present mod in front i.e. greeting, laughter, words, form, touch etc. and dance etc. entered this body. (24)