अथर्ववेद (कांड 11)
ये व॒र्मिणो॒ येऽव॒र्माणो॑ अ॒मित्रा॒ ये च॑ व॒र्मिणः॑ । सर्वां॒स्ताँ अ॑र्बुदे ह॒ताञ्छ्वानो॑ऽदन्तु॒ भूम्या॑म् ॥ (२३)
हमारे जो शत्रु कवच धारण करने वाले, कवचहीन और कवच के अतिरिक्त अन्य शस्त्र से रक्षा करने वाले साधन से युक्त हैं, हे न्यर्बुदि! तुम्हारे द्वारा मारे गए उन शत्रुओं को कुत्ते आदि मांसभक्षी पशु खाएं. (२३)
Our enemies who are armor-wearing, armorless and armor-protecting weapons other than armor, O Nyarbudi! Eat carnivorous animals like dogs etc. to those enemies killed by you. (23)