हरि ॐ

अथर्ववेद (Atharvaved)

अथर्ववेद 16.7.12

कांड 16 → सूक्त 7 → मंत्र 12 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

अथर्ववेद (कांड 16)

अथर्ववेद: | सूक्त: 7
तं ज॑हि॒ तेन॑मन्दस्व॒ तस्य॑ पृ॒ष्टीरपि॑ शृणीहि ॥ (१२)
हे देव! उस शत्रु की हिंसा करो, उस के साथ चलो तथा उस की पसलियों को तोड़ दो. (१२)
O God! Do violence to that enemy, walk with him and break his ribs. (12)