ऋग्वेद (मंडल 6)
आ नो॒ गव्ये॑भि॒रश्व्यै॑र्वस॒व्यै॒३॒॑रुप॑ गच्छतम् । सखा॑यौ दे॒वौ स॒ख्याय॑ श॒म्भुवे॑न्द्रा॒ग्नी ता ह॑वामहे ॥ (१४)
हे इंद्र एवं अग्नि! तुम गायों, घोड़ों एवं धनों के साथ हमारे पास आओ. हम इंद्र एवं अग्नि देवों को मित्रता तथा सुख के लिए बुलाते हैं. (१४)
O Indra and Agni! You come to us with cows, horses and money. We call indra and agni devas for friendship and happiness. (14)