यजुर्वेद (अध्याय 29)
जी॒मूत॑स्येव भवति॒ प्रती॑कं॒ यद्व॒र्मी याति॑ स॒मदा॑मु॒पस्थे॑।अना॑विद्धया त॒न्वा जय॒ त्वꣳ स त्वा॒ वर्म॑णो महि॒मा पि॑पर्त्तु ॥ (३८)
युद्ध के लिए जाते हुए कवचधारी बादल की भांति शोभित होते हैं. वीर घायल हुए बिना जीतें. वह आप की कवच की महिमा आप की रक्षा करने की कृपा करें. (३८)
While going to war, armored people are adorned like clouds. Heroes win without getting injured. May he bless you with the glory of your armor to protect you. (38)