हरि ॐ

अथर्ववेद (Atharvaved)

अथर्ववेद 12.8.3

कांड 12 → सूक्त 8 → मंत्र 3 - संस्कृत मंत्र, हिंदी अर्थ और English translation

अथर्ववेद (कांड 12)

अथर्ववेद: | सूक्त: 8
पा॒प्माधि॑धी॒यमा॑ना॒ पारु॑ष्यमवधी॒यमा॑ना ॥ (३)
पाप रूप होने वाली ब्राह्मण की यह गाय कठोरता उत्पन्न करती है. (३)
This cow of a Brahmin, which is a sin form, creates harshness. (3)