अथर्ववेद (कांड 20) अथर्ववेद: 20.129.1 | सूक्त: 129 ए॒ता अश्वा॒ आ प्ल॑वन्ते ॥ (१) यह घोड़ी अच्छी तरह उछलती है. (१) This mare bounces well. (1)